कांग्रेस को कोस कर स्वयं का कद छोटा कर गये अमित शाह-जावेद खान
जगदलपुर. छत्तीसगढ़ प्रदेश कांग्रेस के प्रदेश प्रवक्ता जावेद खान ने केन्द्रीय गृहमंत्री अमित शाह के द्वारा पत्रकार वार्ता के दौरान नक्सल मुक्त बस्तर बनाने में कांग्रेस सरकार का कोई सहयोग नहीं मिलने की बात को सिरे से खारिज करते हुए विस्तार से छत्तीसगढ़ में कांग्रेस सरकार के दौरान नक्सल उन्मूलन के कार्यों को गिनाते हुए प्रेस विज्ञप्ति जारी कर कहा है कि जब 2018 से 2023 तक प्रदेश में कांग्रेस की सरकार थी तब अलग-अलग समय में नक्सलवाद के खात्मे के लिए राज्य और केन्द्र सरकार साथ मिलकर कई कदम उठाए थे। इसमें सुरक्षा,सड़क-विकास, पुनर्वास और आदिवासी क्षेत्रों में योजनाओं पर काम शामिल था।जिसके अंतर्गत प्रमुख रूप से सुरक्षा बलों के बीच समन्वय बढ़ाना था,राज्य पुलिस, CRPF और अन्य केंद्रीय बलों के साथ संयुक्त ऑपरेशन चलाए गए थे।नक्सल प्रभावित जिलों में नये कैंप खोले गए और सुरक्षा चौकियां बढ़ाई गईं।जिला रिजर्व गार्ड (DRG),बस्तर फाइटर्स का गठन और विशेष बलों को मजबूत किया गया।सड़क और संचार विकास बस्तर और दक्षिण छत्तीसगढ़ में सड़क निर्माण पर जोर दिया गया ताकि सुरक्षा बल और प्रशासन गांवों तक पहुंच सकें।मोबाइल टावर और संचार सुविधाएं बढ़ाने की ओर लगातार कार्य हुए।पुल-पुलिया और कनेक्टिविटी परियोजनाएं शुरू की गईं।आत्मसमर्पण और पुनर्वास नीति
नक्सलियों के लिए आत्मसमर्पण नीति लागू की गई जिसमें आत्मसमर्पण करने वालों को आर्थिक सहायता, प्रशिक्षण और रोजगार सहायता देने की व्यवस्था बनाई गयी और आज भी वही कांग्रेस काल की नीति लागू है प्रदेश में।कई पूर्व नक्सलियों को मुख्यधारा में लाने का प्रयास किया गया।स्थानीय युवाओं की भर्ती पुलिस और सुरक्षा बलों में स्थानीय आदिवासी युवाओं की भर्ती बढ़ाने पर जोर दिया गया ताकि क्षेत्र की जानकारी का लाभ मिल सके।विकास योजनाएं आदिवासी क्षेत्रों में राशन,शिक्षा, स्वास्थ्य,बिजली और पेयजल योजनाओं को बढ़ाने की दिशा में भी कार्य किया गया।वनाधिकार पट्टा वितरण और ग्रामीण योजनाओं पर काम हुआ।बंद पड़े स्कूल,आश्रम और स्वास्थ्य केंद्र खोलने पर ध्यान दिया गया।केंद्र सरकार के साथ संयुक्त रणनीति केंद्र की “सुरक्षा और विकास” नीति के तहत राज्य और केंद्र के बीच समन्वय बैठकों का आयोजन हुआ जिसमें राज्य सरकार ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया।केंद्रीय सहायता से सुरक्षा उपकरण,सड़क परियोजनाएं और आधुनिक तकनीक उपलब्ध कराई गई जिसे धरातल पर राज्य की भुपेश बघेल के नेतृत्व वाली कांग्रेस सरकार ने उतारने का कार्य किया।इंटेलिजेंस और टेक्नोलॉजी का उपयोग ड्रोन,निगरानी उपकरण और बेहतर खुफिया तंत्र का इस्तेमाल बढ़ाया गया।पुलिस नेटवर्क और डेटा शेयरिंग को मजबूत करने में भी सफलता हासिल की गई।
जावेद ने कहा सामाजिक पुलिसिंग के माध्यम से अंदरूनी क्षेत्रों के ग्रामीणों का विश्वास जीता गया और जिससे सुरक्षा कैंप लगाकर खुलते गये साथ ही साथ ग्रामीणों को आर्थिक रूप से मजबूत बनाने 57 किस्म के वनोपज को समर्थन मूल्य में खरीदने का कार्य तत्कालीन प्रदेश की कांग्रेस सरकार ने किया जिसके चलते ग्रामीण आर्थिक रूप से मजबूत बने और उनका विश्वास राज्य सरकार ने जीता और नक्सलवाद की कमर तोड़ने में ये सारे कार्य महत्वपूर्ण भूमिका निभाए।जिसकी समय-समय पर स्वयं गृहमंत्री अमित शाह जी ने तारीफ की परंतु आज नक्सल मुक्त बस्तर की उपलब्धि को केवल अपने सिर बांधने ऐसा कहना कि कांग्रेस सरकार का सहयोग प्राप्त नहीं हुआ अनुचित है।