सुकमा के जंगलों में नक्सली डम्प का भंडाफोड़, 13 हथियार और 208 डेटोनेटर बरामद

सुकमा। छत्तीसगढ़ के सुकमा जिले में नक्सल उन्मूलन अभियान के तहत सुरक्षा बलों को बड़ी सफलता मिली है। जिले के किस्टाराम थाना क्षेत्र अंतर्गत ग्राम पालाचलमा के दुर्गम जंगल और पहाड़ी इलाके में सर्चिंग के दौरान नक्सलियों द्वारा छिपाकर रखे गए डम्प से 13 हथियार, 46 जिंदा कारतूस और 208 नॉन इलेक्ट्रिक डेटोनेटर सहित भारी मात्रा में सामग्री बरामद की गई है। यह कार्रवाई 12 अक्टूबर 2026 को जिला बल, जिला रिजर्व गार्ड (DRG) और बस्तर फाइटर्स की संयुक्त टीम ने की।

पुलिस के मुताबिक, आत्मसमर्पित नक्सलियों से मिली महत्वपूर्ण जानकारी के आधार पर अभियान की योजना बनाई गई थी। इसके बाद सुरक्षा बलों ने संबंधित इलाके में एरिया डोमिनेशन और सर्चिंग अभियान चलाया। तलाशी के दौरान जंगल में छिपाकर रखे गए हथियारों, गोला-बारूद और विस्फोटक सामग्री का पता चला।

आत्मसमर्पित नक्सलियों की सूचना पर चला अभियान

सुकमा पुलिस द्वारा जिले के दुर्गम वनांचलों और पहाड़ी क्षेत्रों में नक्सलियों के पुराने डम्प की तलाश लगातार की जा रही है। इसी कड़ी में पुलिस अधीक्षक मयंक गुर्जर और अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (नक्सल ऑप्स) रोहित शाह के मार्गदर्शन में संयुक्त टीम को अभियान के लिए रवाना किया गया था।

12 अक्टूबर को किस्टाराम थाना क्षेत्र के पालाचलमा के जंगल-पहाड़ी इलाके में सर्चिंग के दौरान टीम को नक्सलियों द्वारा पूर्व में छिपाकर रखी गई सामग्री मिली। इसके बाद क्षेत्र की सघन तलाशी लेकर हथियार, कारतूस, डेटोनेटर और अन्य सामान बरामद किया गया।

देशी हथियारों के साथ BGL लॉन्चर भी बरामद

पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, बरामद हथियारों में .303 रायफल के दो नग, एक सिंगल शॉट हथियार, चार BGL लॉन्चर, 12 बोर की तीन रायफल, दो भरमार बंदूकें और एक देशी कट्टा शामिल हैं। पुलिस की सूची के मुताबिक, कुल 13 हथियार बरामद किए गए हैं।

इसके अलावा INSAS रायफल की तीन मैगजीन के साथ 26 जिंदा राउंड और 12 बोर के 20 जिंदा कारतूस मिले हैं। इस तरह कुल 46 जिंदा कारतूस बरामद किए गए। मौके से एक तीर बम और दो BGL सेल भी जब्त किए गए हैं।

208 नॉन इलेक्ट्रिक डेटोनेटर मिलने से बढ़ी बरामदगी की अहमियत

सुरक्षा बलों को डम्प से 208 नॉन इलेक्ट्रिक डेटोनेटर, एक वायरलेस सेट, दो चार्जर और एक मैगजीन पाउच भी मिला है। इसके अतिरिक्त विभिन्न हथियारों के खाली खोखे बरामद किए गए, जिनमें .303 रायफल के दो, INSAS रायफल के दो, AK-47 रायफल के तीन और 12 बोर के दो खोखे शामिल हैं।

208 डेटोनेटर की बरामदगी सुरक्षा की दृष्टि से महत्वपूर्ण मानी जा रही है। जंगलों में छिपाकर रखी गई विस्फोटक सामग्री संभावित खतरा पैदा कर सकती है। ऐसे में सर्चिंग अभियान के दौरान इसका पता लगाकर सुरक्षित तरीके से जब्त करना सुरक्षा बलों के लिए अहम उपलब्धि है।

नक्सल उन्मूलन अभियान रहेगा जारी

सुकमा पुलिस के अनुसार, जिले के दुर्गम इलाकों में छिपाकर रखे गए हथियारों, गोला-बारूद और विस्फोटक सामग्री की तलाश के लिए अभियान लगातार चलाए जा रहे हैं। आत्मसमर्पित नक्सलियों से मिलने वाली सूचनाओं के आधार पर पुराने डम्प का पता लगाने की कोशिश की जा रही है, ताकि संभावित खतरों को कम किया जा सके।

एएसपी मनीष कुंवर का बयान: सुकमा जिले में शांति, सुरक्षा और विकास का वातावरण सुदृढ़ बनाए रखना पुलिस की प्राथमिकता है। नक्सलियों द्वारा पूर्व में छिपाकर रखे गए हथियारों, गोला-बारूद और विस्फोटक सामग्री की बरामदगी के लिए इस तरह के अभियान आगे भी लगातार जारी रहेंगे।

पुलिस के मुताबिक, इस कार्रवाई में कुल 13 हथियार, 46 जिंदा कारतूस और 208 नॉन इलेक्ट्रिक डेटोनेटर सहित अन्य सामग्री बरामद की गई है। सुरक्षा बलों की संयुक्त कार्रवाई से जिले के दुर्गम जंगलों में छिपाकर रखे गए हथियारों और विस्फोटक सामग्री के डम्प का पता लगाने में महत्वपूर्ण सफलता मिली है।

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