नारायणपुर। जिले के सोनपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत ग्राम ओरछाकुरुई में नाबालिग बालिका की नृशंस हत्या के मामले में नारायणपुर पुलिस ने बड़ा खुलासा करते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। प्रारंभिक सूचना के बाद जिस मामले को संदिग्ध हत्या माना जा रहा था, वह विवेचना में जघन्य दुष्कर्म और हत्या का निकला। पुलिस के अनुसार आरोपी ने पीड़िता से पूर्व परिचय का लाभउठाते हुए अपराध को अंजाम दिया।
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार ग्राम ओरछाकुरुई निवासी नाबालिग बालिका (नाम परिवर्तित) 31 दिसंबर से लापता थी। परिजनों और ग्रामीणों द्वारा तलाश के दौरान 4 जनवरी को उसका शव गांव के समीप कोसरा खेत में मिला। शव मिलने की सूचना मिलते ही ग्रामीणों ने तत्काल थाना सौनपुर को अवगत कराया। सूचना पर पुलिस टीम मौके पर पहुंची और घटनास्थल का सूक्ष्म निरीक्षण किया गया। मामले की गंभीरता को देखते हुए वैज्ञानिक परीक्षण के लिए एफएसएल टीम को भी बुलाया गया तथा शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया।
पुलिस अधीक्षक के निर्देशन में गठित विशेष टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए संदिग्धों से पूछताछ शुरू की। विवेचना के दौरान मिले तकनीकी और वैज्ञानिक साक्ष्यों के आधार पर पुलिस ने आरोपी को हिरासत में लिया। पूछताछ में आरोपी ने अपराध स्वीकार किया। आरोपी की पहचान ग्राम गुनेर निवासी संजू कुमेटी के रूप में हुई है। पुलिस के अनुसार आरोपी ने पीड़िता से पूर्व परिचय का लाभ उठाकर उसके साथ दुष्कर्म किया और बाद में धारदार हथियार (कुल्हाड़ी) से उसकी हत्या कर दी।
पुलिस ने बताया कि प्रकरण में साक्ष्यों का संकलन पेशेवर और वैज्ञानिक पद्धति से किया जा रहा है। घटनास्थल से लेकर पोस्टमार्टम रिपोर्ट, एफएसएल जांच और तकनीकी साक्ष्यों को कैस डायरी में शामिल किया जा रहा है ताकि आरोपी को कड़ी से कड़ी सजा दिलाई जा सके। पुलिस ने यह भी स्पष्ट किया कि विवेचना पूर्ण होने पर विधि अनुसार कठोर कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
घटना के बाद से क्षेत्र में शोक और आकोश का माहौल है। परिजनों और ग्रामीणों ने पुलिस की त्वरित कार्रवाई की सराहना करते हुए पीड़िता के लिए न्याय की मांग की है। पुलिस प्रशासन ने भरोसा दिलाया है कि मामले में किसी भी स्तर पर लापरवाही नहीं बरती जाएगी और पीड़िता के परिवार को न्याय दिलाना सर्वोच्च प्राथमिकता है।