जगदलपुर। छत्तीसगढ़ के बस्तर में एक तरफ जहां भारी बारिश की वजह से आई बाढ़ से तबाही मची हुई है, वहीं दूसरी तरफ देश में मिनी नियाग्रा के नाम से मशहूर चित्रकोट वाटरफॉल का नजारा देखते ही बन रहा है, खाटीगुडा डैम के 3 गेट और मुरान बांध के 2 गेट खोल दिए जाने से इंद्रावती नदी पूरे उफान पर है। जिसके चलते नदी का जलस्तर काफी बढ़ गया है। इस दौरान चित्रकोट वॉटरफॉल अपने पूरे शबाब पर दिखाई दे रहा है।
गौरतलब है कि, कई सालों बाद यह देखने को मिला है कि, चित्रकोट वॉटरफॉल के पूरे परिसर में पानी भर चुका है, हालांकि सुरक्षा के लिहाज से पर्यटकों को वॉटरफॉल के नजदीक जाने की अनुमति नहीं दी गई है, लेकिन पूरी गर्जना के साथ उपर से नीचे गिरता चित्रकोट वॉटरफॉल का नजारा सचमुच देखने लायक होता है और इसकी खूबसूरती पर चार चांद लग गए है।
बालोद जिले में पिछले कुछ दिनों से लगातार हो रही मूसलाधार बारिश ने एक तरफ जहां जनजीवन को अस्त-व्यस्त कर दिया है। कई इलाकों में जलभराव के हालात पैदा कर दिए हैं, वही भारी बारिश के बीच बालोद जिले से सामने आई ताज़ा तस्वीरों ने लोगों के चेहरों पर मुस्कान ले आई हैं।
बालोद का जीवनदायिनी कहे जाने वाला तांदुला जलाशय आखिरकार छलक उठा है। जी हां… जिस पल का जिलेवासियों को हर साल बेसब्री से इंतजार रहता है। वह पल शनिवार की सुबह आ गया, दो दिनों से हो रही मूसलाधार बारिश का असर अब तांदुला जलाशय में भी साफ दिखाई दे रहा है।
जलाशय लबालब होने के बाद शनिवार सुबह इसका पानी ओवरफ्लो प्वाइंट से छलकने लगा। तांदुला के छलकते ही यहां का नजारा बेहद खूबसूरत हो गया है। तेज धार के साथ बहता पानी चारों ओर बारिश का माहौल और जलाशय का यह मनमोहक दृश्य अब लोगों के आकर्षण का केंद्र बन गया है।
बारिश ने जहां जिले के कई हिस्सों में मुश्किलें बढ़ाई हैं। वहीं तांदुला जलाशय का छलकना इसी बारिश की एक खूबसूरत सौगात बनकर सामने आया है। अब तांदुला का यह विहंगम नजारा लोगों को अपनी ओर आकर्षित कर रहा है और आने वाले दिनों में बड़ी संख्या में जिलेवासी इसके छलकते पानी को देखने पहुंच सकते हैं।