बस्तर संभाग में दिव्यांगजनों को संबल देने विशेष शिविर

जगदलपुर और दंतेवाड़ा में आधुनिक सहायक उपकरण व कृत्रिम अंग होंगे वितरित

जगदलपुर, 3 सितम्बर बस्तर संभाग के दिव्यांगजनों को आत्मनिर्भर बनाने और उन्हें संबल प्रदान करने के उद्देश्य से अक्टूबर माह में जगदलपुर और दंतेवाड़ा जिला मुख्यालयों में विशेष शिविरों का आयोजन किया जा रहा है। छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय एवं उपमुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा की विशेष पहल पर यह मानवीय आयोजन श्री भगवान महावीर विकलांग सहायता समिति (जयपुर) के तकनीकी सहयोग से संपन्न होगा। शिविरों की पूर्व तैयारियों को लेकर कमिश्नर श्री डोमन सिंह ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से संभाग के सभी जिलों के अपर कलेक्टरों और समाज कल्याण विभाग के उप संचालकों की समीक्षा बैठक ली। कमिश्नर श्री सिंह ने स्पष्ट निर्देश दिए कि प्रशासन का मुख्य केंद्र बिंदु अंतिम छोर पर बसे पहुंच-विहीन और अंदरूनी क्षेत्रों के पात्र हितग्राहियों तक पहुंचना होना चाहिए, ताकि कोई भी जरूरतमंद इससे वंचित न रहे। इस अवसर पर उपायुक सुश्री गीता रायस्त, डिप्टी कलेक्टर श्री सत्येन्द्र बंजारे, समाज कल्याण विभाग की उप संचालक श्रीमती सुचिता लकड़ा भी उपस्थित थीं।

प्रस्तावित कार्ययोजना के अनुसार, पहला शिविर 5 से 7 अक्टूबर तक जिला मुख्यालय जगदलपुर में आयोजित होगा, जिसमें बस्तर, कोंडागांव, नारायणपुर और कांकेर जिले के हितग्राही लाभान्वित होंगे। वहीं दूसरा शिविर 15 से 17 अक्टूबर 2026 तक जिला मुख्यालय दंतेवाड़ा में लगेगा, जिसमें दंतेवाड़ा, सुकमा और बीजापुर जिले के हितग्राहियों को शामिल किया जाएगा। इन शिविरों की विशेषता यह होगी कि मौके पर ही आवश्यकतानुसार कृत्रिम अंगों का नाप लेकर उसी दिन सामग्री तैयार कर वितरित की जाएगी, साथ ही पुराने अथवा क्षतिग्रस्त अंगों की आवश्यक मरम्मत की व्यवस्था भी शिविर स्थल पर ही उपलब्ध रहेगी। शिविर के माध्यम से कैलिपर्स, ट्राइसाइकिल, कृत्रिम हाथ-पैर, श्रवण यंत्र, व्हीलचेयर, वॉकर, बैसाखी और वॉकिंग स्टिक जैसे आधुनिक सहायक उपकरण निःशुल्क प्रदान किए जाएंगे।
कमिश्नर ने मैदानी अमले को निर्देशित किया है कि प्रत्येक ग्राम पंचायत और नगरीय निकाय के वार्डों में विशेष पंजी संधारित कर चिन्हांकित हितग्राहियों का सम्पूर्ण ब्यौरा दर्ज किया जाए। प्रशासन द्वारा हितग्राहियों की सूची समयबद्ध तरीके से तैयार की जा रही है, जिसकी प्रारंभिक रिपोर्ट 10 सितंबर और अंतिम संकलित प्रपत्र 15 सितंबर तक संभाग मुख्यालय को अनिवार्य रूप से प्रस्तुत करना होगा। शिविर स्थल पर दिव्यांगजनों एवं उनके सहायकों के लिए निःशुल्क भोजन, परिवहन, स्वास्थ्य परीक्षण, पेयजल और विश्राम की पुख्ता व्यवस्था सुनिश्चित की जाएगी।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *